सेवा, समर्पण के अवसर का अनुष्ठान होती है तीर्थयात्राएं: प्रधानमंत्री मोदी

0 0
Read Time:3 Minute, 30 Second

नई दिल्ली:  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि तीर्थ यात्राएं‘ चलो बुलावा आया है ’का ही प्रवाह नहीं होता है बल्कि यह तीर्थयात्रियों और उनकी सेवा करने वाले श्रद्धालुओं के लिए सेवा और समर्पण का एक अनुष्ठान भी होता है। पीएम मोदी ने रविवार को आकाशवाणी से प्रसारित अपने मासिक कार्यक्रम ‘मन की बात’ की 123वीं कड़ी में कहा कि तीर्थ यात्री के मन में सबसे पहले भाव आता है, ‘चलो, बुलावा आया है’ और यही भाव धार्मिक यात्राओं की आत्मा है। 

उन्होंने कहा कि ये यात्राएं शरीर के अनुशासन का, मन की शुद्धि का, आपसी प्रेम और भाईचारे का, प्रभु से जुड़ने का माध्यम है। इनके अलावा, इन यात्राओं का एक और बड़ा पक्ष ये भी है कि यात्राएं सेवा के अवसरों का एक महाअनुष्ठान भी होती है। तीर्थ यात्रा होती हैं तो जितने लोग यात्रा पर जाते हैं उससे ज्यादा लोग तीर्थ यात्रियों की सेवा के काम में जुटते हैं। जगह-जगह भंडारे और लंगर और प्याऊ लगाये जाते हैं। 

सेवा-भाव से ही मेडिकल कैम्प और सुविधाओं की व्यवस्था की जाती है। इस काम मे कितने ही लोग अपने खर्च से तीर्थयात्रियों के लिए धर्मशालाओं की और रहने खाने की व्यवस्था करते हैं। प्रधानमंत्री ने कैलाश मानसरोवर यात्रा का जिक्र करते हुए कहा ‘लंबे समय के बाद कैलाश मानसरोवर यात्रा का फिर से शुभारंभ हुआ है। कैलाश मानसरोवर यानी भगवान शिव का धाम। 

हिन्दू, बौद्ध, जैन, हर परंपरा में कैलाश को श्रद्धा और भक्ति का केंद्र माना गया है। साथियों, तीन जुलाई से पवित्र अमरनाथ यात्रा शुरू होने जा रही है और सावन का पवित्र महीना भी कुछ ही दिन दूर है। अभी कुछ दिन पहले हमने भगवान जगन्नाथ जी की रथयात्रा भी देखी है। ओडिशा हो, गुजरात हो, या देश का कोई और कोना, लाखों श्रद्धालु इस यात्रा में शामिल होते हैं। 

उत्तर से दक्षिण, पूरब से पश्चिम, ये यात्राएं ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के भाव का प्रतिबिंब है। जब हम श्रद्धा भाव से, पूरे समर्पण से और पूरे अनुशासन से अपनी धार्मिक यात्रा सम्पन्न करते हैं तो उसका फल भी मिलता है। मैं यात्राओं पर जा रहे सभी सौभाग्यशाली श्रद्धालुओं को अपनी शुभकामनाएँ देता हूँ।’ उन्होंने कहा कि जो लोग सेवा भावना से इन तीर्थयात्राओं को सफल और सुरक्षित बनाने में जुटे हैं, उन्हें भी साधुवाद देता हूँ।  

Happy
Happy
0 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %
en_USEnglish