गणतंत्र दिवस: विदेशी हथियारों को छोड़, भारतीय गन से मिलेगी राष्ट्रीय ध्वज को सलामी

3
0 0
Read Time:3 Minute, 7 Second

नई दिल्ली: गणतंत्र दिवस समारोह में सेना की 1721 फील्ड बैटरी (सेरेमोनियल) राष्ट्रीय ध्वज को 21 तोपों की पारंपरिक सलामी देगी। समारोह के दौरान यह आर्टिलरी बैटरी देश में ही बनी 105 मिमी लाइट फील्ड तोपों से फायरिंग कर सलामी देगी। गणतंत्र दिवस समारोह में राष्ट्रीय ध्वज को 21 तोपों की सलामी देना एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक परंपरा है। यह कर्तव्य पथ के लॉन से राष्ट्रीय ध्वज को दिया जाने वाला सर्वोच्च सैन्य सम्मान है। इन तोपों की फायरिंग एक साथ होने वाली तीन गतिविधियों का तालमेल होती है जिसमें प्रोटोकॉल अधिकारी द्वारा राष्ट्रीय ध्वज फहराना, सेना बैंड द्वारा राष्ट्रगान बजाना और राष्ट्रपति बॉडीगार्ड द्वारा राष्ट्रीय सलामी देना शामिल है।

यह सेरेमोनियल बैटरी दिल्ली में तैनात है और इसकी जिम्मेदारी राष्ट्रीय महत्व के अलग-अलग अवसरों पर पारंपरिक फायरिंग कर सलामी देना है। इनमें कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस, राजघाट पर शहीद दिवस, लाल किले पर स्वतंत्रता दिवस और राष्ट्रीय राजधानी में राष्ट्रपति भवन में राष्ट्राध्यक्षों के दौरे शामिल हैं। यह बैटरी 172 फील्ड रेजिमेंट का हिस्सा है जो मुख्यालय 36 आर्टिलरी ब्रिगेड के तहत आती है। सेरेमोनियल बैटरी 21 तोपों की सलामी देने के लिए 105 मिमी लाइट फील्ड गन का इस्तेमाल करेगी जो स्वदेशी तोप प्रणाली है। पहले यह फायरिंग ब्रिटिश काल की 25 पाउंडर तोप से की जाती थी।

यह तोप प्रणाली आत्मनिर्भर भारत की दिशा में भारत की रक्षा निर्माण क्षमता को प्रदर्शित करती है। पहले 21 तोपों की सलामी के लिए ब्रिटिश काल की 25 पाउंडर तोपों का इस्तेमाल किया जाता था। 1721 फील्ड बैटरी (सेरेमोनियल) सेना की एक विशेष इकाई है जो गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस जैसे राष्ट्रीय कार्यक्रमों में 21 तोपों की पारंपरिक सलामी देती है। सलामी में ध्वनि और धुएं के लिए विशेष सेरेमोनियल कारतूसों का इस्तेमाल किया जाता है जिससे किसी को नुकसान नहीं होता।

Happy
Happy
0 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %
en_USEnglish