मोदी सरकार में जनजातीय समाज के उत्थान के लिए अभूतपूर्व कार्य हुए : मन्ना लाल रावत

4084c2058f4b2cd987107ed7e7f579ae
0 0
Read Time:2 Minute, 59 Second

देहरादून:  भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) अनुसूचित जनजाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उदयपुर के सांसद डॉ. मन्ना लाल रावत ने शुक्रवार को कहा कि मोदी सरकार ने जनजातीय समाज के विकास और उसे मुख्यधारा से जोड़ने के लिए कई कदम उठाए हैं।

उत्तराखंड दौरे पर आए डॉ. रावत ने देहरादून में अनुसूचित जनजाति मोर्चा की संगठनात्मक बैठक में हिस्सा लिया। उन्होंने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों का उल्लेख करते हुए दावा किया कि नक्सलवाद पर अंकुश लगाने के प्रयासों से जनजातीय समाज को मुख्यधारा से जोड़ने में मदद मिली है। जनजातीय समाज के उत्थान और विकास के लिए कई कदम उठाए हैं। जनजातीय समुदायों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं।

डॉ. रावत ने बताया कि 15 नवंबर को देशभर में जनजातीय गौरव दिवस मनाया जाएगा। इस अवसर पर सरकारी स्तर पर कार्यक्रम आयोजित होंगे। भाजपा और अनुसूचित जनजाति मोर्चा भी जनजातीय समाज के गौरव, अधिकारों और उत्थान से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करेंगे। उन्होंने कहा कि पहले सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थित जनजातीय गांवों को अंतिम गांव के रूप में देखा जाता था, जबकि प्रधानमंत्री मोदी ने इन्हें देश के प्रथम गांव के रूप में प्रस्तुत करने पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले जनजातीय समुदाय के लोग राष्ट्र की सुरक्षा और सेवा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

बैठक में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, प्रदेश महामंत्री संगठन फणीन्द्र नाथ शर्मा, भाजपा महामंत्री एवं जनजाति मोर्चा की प्रभारी डॉ.दीप्ति रावत भारद्वाज, कैबिनेट मंत्री खजान दास, अनुसूचित जनजाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ.प्रेम सिंह राणा, जनजातीय सलाहकार परिषद के उपाध्यक्ष गीताराम गौड़ और अनुसूचित जनजाति आयोग के पूर्व अध्यक्ष मूरत राम शर्मा सहित पार्टी के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

Happy
Happy
0 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %
en_USEnglish