उत्तराखंड कैबिनेट बैठक में कई अहम फैसलों को मंजूरी, चिकित्सा, खेल और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में शुक्रवार को प्रदेश कैबिनेट की बैठक आयोजित हुई। बैठक में ऊर्जा, चिकित्सा शिक्षा, खेल, कारागार, माध्यमिक शिक्षा, पर्यटन सहित विभिन्न विभागों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा के बाद कई अहम फैसलों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट के निर्णयों की जानकारी मुख्यमंत्री के अपर सचिव एवं महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी ने प्रेस ब्रीफिंग में दी।
MBBS इंटर्न का स्टाइपेंड बढ़ाकर न्यूनतम 25 हजार रुपये
कैबिनेट ने उत्तराखंड के राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर, हल्द्वानी, देहरादून, हरिद्वार और अल्मोड़ा में एमबीबीएस इंटर्न को दिए जाने वाले स्टाइपेंड में बढ़ोतरी को मंजूरी दी है। अब इंटर्न को 17 हजार रुपये प्रतिमाह के स्थान पर न्यूनतम 25 हजार रुपये प्रतिमाह स्टाइपेंड मिलेगा।
खिलाड़ियों के लिए 243 पदों पर आउट ऑफ टर्न नियुक्ति
खेल नीति-2021 के तहत अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय खेलों में पदक विजेता खिलाड़ियों को राजपत्रित और अराजपत्रित पदों पर आउट ऑफ टर्न सेवायोजन देने के प्रावधान के तहत विभिन्न विभागों के कुल 243 पदों पर नियुक्ति किए जाने को कैबिनेट ने स्वीकृति प्रदान की है। इनमें खेल, युवा कल्याण, गृह, परिवहन, शिक्षा और वन विभाग के पद शामिल हैं। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय खेलों में स्वर्ण पदक विजेता खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न नियुक्ति देने के लिए माध्यमिक शिक्षा विभाग में अपर सहायक अध्यापक व्यायाम के 33 पद सृजित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। इन पदों के लिए सहायक अध्यापक व्यायाम के लेवल-7 के कुल 1898 पदों में से 33 पद समर्पित करते हुए लेवल-6 के 33 पद सृजित किए जाएंगे।
माध्यमिक शिक्षा विभाग में 33 नए पद
कैबिनेट ने माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत अपर सहायक अध्यापक व्यायाम (ग्रेड वेतन 4200) के 33 पद सृजित किए जाने को भी मंजूरी दी है।
विद्युत नियामक आयोग की रिपोर्ट विधानसभा में रखी जाएगी
कैबिनेट ने उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग की वर्ष 2024-25 की वार्षिक रिपोर्ट को आगामी विधानसभा सत्र में सदन के पटल पर रखे जाने की स्वीकृति दी है। इसके साथ ही आयोग के वार्षिक लेखा विवरण को भी विधानमंडल के पटल पर रखने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
कारागार विभाग की सेवा नियमावली में संशोधन
उत्तराखंड कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवा विभाग समूह ‘क’ एवं ‘ख’ सेवा नियमावली, 2026 में संशोधन के प्रस्ताव को कैबिनेट ने मंजूरी दी है। इसके तहत गृह विभाग के कारागार विभाग के सुधारात्मक विंग के लिए अपर महानिरीक्षक कारागार के एक नवसृजित पद को संवर्गीय ढांचे में शामिल किया जाएगा। इसके अलावा विभागीय एवं कर्मचारी हित में उत्तराखंड कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवा विभाग समूह ‘क’ एवं ‘ख’ सेवा नियमावली, 2026 के प्रख्यापन के प्रस्ताव पर भी कैबिनेट ने सहमति प्रदान की।
सरकारी अधिवक्ताओं की फीस में होगा इजाफा
उच्चतम न्यायालय, उच्च न्यायालय और अधीनस्थ न्यायालयों में सरकार की ओर से पैरवी करने वाले शासकीय अधिवक्ताओं को दिए जाने वाले शुल्क की दरों के पुनर्निर्धारण को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित सात सदस्यीय समीक्षा समिति ने शासकीय अधिवक्ताओं की फीस बढ़ाने की संस्तुति की थी।
विधिक माप विज्ञान नियमावली में संशोधन
कैबिनेट ने उत्तराखंड विधिक माप विज्ञान (प्रवर्तन) नियमावली, 2012 में संशोधन करते हुए उत्तराखंड विधिक माप विज्ञान (प्रवर्तन) (संशोधन) नियमावली, 2026 के प्रख्यापन को मंजूरी दी है। यह निर्णय भारत सरकार के Ease of Doing Business Compliance Reduction और Trust Based Regulatory Framework के तहत चलाए जा रहे De-regulation Phase-11 सुधार कार्यक्रम के अनुरूप लिया गया है। इसका उद्देश्य विधिक माप विज्ञान अधिनियम, 2009 के तहत वजन एवं माप संबंधी लाइसेंसिंग प्रक्रिया को सरल बनाना है।
मसूरी रोप-वे परियोजना के लिए भूमि लीज पर देने की मंजूरी
कैबिनेट ने देहरादून के पुरूकुल गांव से मसूरी लाइब्रेरी चौक तक प्रस्तावित रोप-वे परियोजना के अपर टर्मिनल प्वाइंट एवं पार्किंग निर्माण के लिए पर्यटन विभाग को प्राप्त भूमि में से 972 वर्ग मीटर भूमि मसूरी स्थित गढ़वाल सभा को लीज पर देने की अनुमति प्रदान की है। यह भूमि गढ़वाल सभा को पूर्व में लीज पर दी गई भूमि के बराबर होगी और इसके लिए गढ़वाल मंडल विकास निगम की पार्किंग हेतु क्रय की गई भूमि का उपयोग किया जाएगा।
हरिद्वार में ईएसआई अस्पताल के लिए 15 एकड़ भूमि
कैबिनेट ने कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESI) के चिकित्सालय हरिद्वार के समीप चिन्हित 15 एकड़ भूमि ईएसआई के निर्माण के लिए आवंटित किए जाने को भी मंजूरी प्रदान कर दी है।
कैबिनेट के इन फैसलों से चिकित्सा शिक्षा, खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहन, सरकारी सेवाओं में सुधार, पर्यटन ढांचे और श्रमिकों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार को गति मिलने की उम्मीद है।
